दो चुनाव आयुक्तों की शिकायत पर उठा विवाद

भारत निर्वाचन आयोग के दो आयुक्तों सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने उनतीस जुलाई को कैबिनेट सचिव टीवी सोमनाथन को पत्र लिखकर आयोग के एक अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी।
आंतरिक रिकॉर्ड के अनुसार कैबिनेट सचिवालय ने पत्रों को स्वीकार तो किया, लेकिन कहा कि कार्रवाई करना ‘अनुचित’ होगा और इसे संवैधानिक निकाय के कामकाज में ‘हस्तक्षेप’ समझा जाएगा।
यह घटनाक्रम चुनाव आयोग की स्वायत्तता और कार्यपालिका के बीच संबंधों को लेकर बहस छेड़ गया है।
विपक्षी दलों ने पारदर्शिता की मांग की है।
विशेषज्ञों का कहना है कि संवैधानिक संस्थाओं की स्वतंत्रता लोकतंत्र की बुनियाद है।



