मुंबई को जायसवाल म्हात्रे की कमी खलेगी

रणजी ट्रॉफी के दूसरे दौर में मुंबई की टीम को अपने दो युवा बल्लेबाजों की कमी साफ तौर पर खलेगी। आयुष म्हात्रे चोट के कारण इस दौर में उपलब्ध नहीं हैं, जबकि यशस्वी जायसवाल भारत ए टीम के साथ जुड़े हुए हैं। दोनों खिलाड़ी हाल के समय में मुंबई की बल्लेबाजी की अहम कड़ी रहे हैं, इसलिए उनके न होने से टीम संयोजन पर सीधा असर पड़ेगा। कप्तान और टीम प्रबंधन को अब नई जोड़ी और मध्यक्रम की जिम्मेदारियों पर नए सिरे से विचार करना होगा।
म्हात्रे की चोट ने मुंबई की योजनाओं को झटका दिया है, क्योंकि वह मुश्किल हालात में टिककर खेलने की क्षमता रखते हैं। वहीं जायसवाल जैसे आक्रामक सलामी बल्लेबाज की गैरमौजूदगी से शुरुआत में रन गति बनाने का दबाव दूसरे बल्लेबाजों पर आएगा। विपक्षी गेंदबाज इस कमजोरी का फायदा उठाने की पूरी कोशिश करेंगे, इसलिए मुंबई को पहले सत्र में संभलकर खेलना होगा।
हालांकि मुंबई के पास अनुभवी खिलाड़ियों की कमी नहीं है और घरेलू क्रिकेट में उसका रिकॉर्ड हमेशा मजबूत रहा है। बेंच पर मौजूद युवा खिलाड़ियों के लिए यह खुद को साबित करने का सुनहरा मौका है। यदि मध्यक्रम जिम्मेदारी से बल्लेबाजी करता है और गेंदबाज अनुशासन बनाए रखते हैं, तो मुंबई इन दो बड़े नामों की अनुपस्थिति के बावजूद मुकाबले में मजबूत वापसी कर सकती है।



