वायु प्रदूषण बढ़ने पर सांस के मरीजों को सावधानी सलाह

वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ने पर डॉक्टरों ने सांस के मरीजों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। चिकित्सकों का कहना है कि अस्थमा, एलर्जी और फेफड़ों की बीमारी से जूझ रहे लोगों के लिए प्रदूषित हवा सबसे अधिक नुकसानदेह होती है, इसलिए उन्हें बाहर निकलते समय मास्क जरूर पहनना चाहिए। सुबह के समय प्रदूषण का असर अधिक रहने के कारण मरीजों को सैर पर जाने से बचने या समय बदलने की सलाह दी गई है। घर के भीतर हवा को साफ रखने के लिए खिड़कियां बंद रखने और जरूरत पड़ने पर एयर प्यूरीफायर का उपयोग करने को कहा गया है। डॉक्टरों ने यह भी कहा है कि सांस लेने में तकलीफ, खांसी या सीने में जकड़न बढ़े तो देरी किए बिना चिकित्सकीय सलाह लें। बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने की अपील की गई है, क्योंकि प्रदूषण का असर उन पर जल्दी पड़ता है। विशेषज्ञों के अनुसार धूल और धुएं से दूरी, पर्याप्त पानी पीना और दवाओं का नियमित सेवन मरीजों के लिए जरूरी है। प्रशासन से भी प्रदूषण नियंत्रण के उपाय तेज करने की मांग की गई है ताकि आम लोगों को राहत मिल सके।



