मुंबई प्रदूषण को हाईकोर्ट ने आपात स्थिति बताया

बॉम्बे हाईकोर्ट ने मुंबई में बढ़ते वायु प्रदूषण को आपात स्थिति करार दिया है। अदालत ने संबंधित अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि लोगों के स्वास्थ्य से जुड़े इस मुद्दे पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जा सकती। सुनवाई के दौरान अदालत ने प्रदूषण के स्रोतों और उन पर नियंत्रण के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी मांगी। मुंबई जैसे महानगर में निर्माण कार्य, वाहनों की धूल और अन्य कारणों से हवा की गुणवत्ता लगातार चिंता का विषय बनी हुई है। अदालत की टिप्पणी के बाद प्रशासन पर ठोस और त्वरित कदम उठाने का दबाव बढ़ गया है। पर्यावरण विशेषज्ञों का कहना है कि केवल मौसमी उपायों से काम नहीं चलेगा, बल्कि नियमों का सख्त और निरंतर पालन जरूरी है। मामले की अगली सुनवाई में अधिकारियों को प्रगति रिपोर्ट पेश करनी होगी।



