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धर्म एवं संस्कृति

मासिक कार्तिगाई आज, शाम को दीप जलाएंगे श्रद्धालु

27 October 2026, 11:38 am  |  लोकायत दर्पण

मंगलवार 27 अक्टूबर को मासिक कार्तिगाई मनाई जा रही है। पंचांग के अनुसार कृत्तिका नक्षत्र दोपहर 3 बजकर 39 मिनट पर शुरू होगा और 28 अक्टूबर को दोपहर 1 बजकर 26 मिनट तक रहेगा। इस अवसर पर भगवान कार्तिकेय की पूजा की जाती है, जिन्हें दक्षिण भारत में मुरुगन भी कहा जाता है। श्रद्धालु शाम को घर के पूजा स्थान और द्वार पर दीप जलाते हैं। तमिल परंपरा में कृत्तिका नक्षत्र को कार्तिगाई या किरुथिगाई कहा जाता है। हर महीने चंद्रमा के इस नक्षत्र में आने पर मासिक कार्तिगाई का व्रत और पूजन किया जाता है। इस बार शाम के समय कृत्तिका नक्षत्र रहेगा, इसलिए श्रद्धालु शाम की पूजा में दीप जला सकते हैं। कार्तिगाई की परंपरा में दीप को प्रकाश और ईश्वर की उपस्थिति का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि दीप का प्रकाश अंधकार दूर करने और जीवन में मंगल की कामना का प्रतीक है। भगवान कार्तिकेय का कृत्तिका नक्षत्र से संबंध एक पौराणिक कथा में भी मिलता है। कथा के अनुसार भगवान शिव से निकली छह दिव्य चिनगारियों का पालन-पोषण छह कृत्तिकाओं ने किया, और आगे चलकर उनसे छह मुख वाले भगवान मुरुगन प्रकट हुए। इसी कथा के कारण कृत्तिका नक्षत्र को भगवान कार्तिकेय की उपासना के लिए विशेष माना जाता है।

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